Sunday, April 21, 2013

जीवन का सत्य



जन्म से लेकर मृत्यु तक का सफर ही जीवन है !
बचपन ,जवानी और बृद्धाअवस्था ही जीवन के तीन पड़ाव है ,
जैसे कि एक पौधे में फुल,फल और पत्तिया तीन पड़ाव है !
                    आज जीवन तीन रंगो में डूबा हुआ है -

1-जटिलता
2 -कुटिलता
3 - प्रतिस्पर्धा

सभी शामिल है एक अंधी दौड़ में, लक्ष्य या मंजिल ज्ञात नही है और अनजान है !
शांति लुप्त हो रही है, क्यों नही लोग इस शांति को खोजने का पयत्न कर रहे है !
क्यों नही लोग फुल जैसा बनने की कोशिश कर रहे है ,दुनिया और समाज में प्रकाश तब आएगा !
जब एक - एक ब्यक्ति के अन्दर दुसरे ब्यक्ति के लिए आत्मीयता का भाव जागृत होगा ...!



निवेदन   - अगर आप को ये पोस्ट अच्छा लगा हो तो आप हमे comment के माध्यम से जरुर बताये ! दोस्तों आप से उम्मीद करता हु कि इस blog को आप सभी follow/join करेगे ! Join कर हमे अपना सहयोग दे ! Facebook Friends आप Facebook पर Comment कर सकते है !

अगर आप के पास कोई अच्छा Post है जो खुद आप का हो तो हमे अपने फोटो के साथ हमारे Email id - bindasspost.in@gmail.com पर लिख भेजे अच्छा लगने पे आपके Post को आप के Name के साथ  Publish की जाएगी  

"जय हिन्द जय भारत " 

No comments:

Post a Comment

आप अपने सुझाव हमें जरुर दे ....
आप के हर सुझाव का हम दिल से स्वागत करते है !!!!!